उत्तराखंड हाईकोर्ट के फैसले को चुनौती देने वाले उस्मान खान को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत नहीं मिल सकी। देश की सर्वोच्च अदालत ने उस्मान खान की ओर से दायर विशेष अनुमति याचिका (एसएलपी) को खारिज कर दिया है। इसके साथ ही हाईकोर्ट का पूर्व आदेश फिलहाल प्रभावी बना रहेगा।
मामले की सुनवाई 5 मई 2026 को सुप्रीम कोर्ट की खंडपीठ में हुई, जिसमें जस्टिस संजय कुमार और के. विनोद चंद्रन शामिल थे। सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता गगन गुप्ता समेत अन्य वकीलों ने अपना पक्ष रखा।
सुप्रीम कोर्ट ने मामले में हस्तक्षेप करने से इनकार करते हुए कहा कि फिलहाल हाईकोर्ट के आदेश में दखल देने का कोई उचित आधार नहीं बनता है। अदालत ने एसएलपी खारिज करते हुए यह भी स्पष्ट किया कि मामले से जुड़े सभी लंबित आवेदन स्वतः समाप्त माने जाएंगे।
यह याचिका उत्तराखंड हाईकोर्ट नैनीताल द्वारा 27 फरवरी 2026 को दिए गए आदेश के खिलाफ दायर की गई थी। सुप्रीम कोर्ट के इस फैसले के बाद अब हाईकोर्ट का आदेश लागू रहेगा और याचिकाकर्ता को कोई अंतरिम राहत नहीं मिल पाई है।
